Kindle eBook Reader क्या है स्मार्टफोन और किंडल में क्या अंतर है?

किताबे पढ़ने का शौक हर व्यक्ति को नहीं होता लेकिन जिस व्यक्ति को होता है उसके घर में आपको तरह-तरह की किताबें मिल जाएंगी. अब दुनिया Digital हो रही है तो ऐसे में किताबें भी डिजिटल हो चली हैं. आजकल किताबें पीडीएफ़ के रूप में आती हैं जिन्हें हम अपने स्मार्टफोन में आराम से पढ़ सकते हैं.

लेकिन किताबें पढ़ने के लिए मार्केट में एक और डिवाइस आ रही है जिसे हम E reader कहते हैं. ये किंडल, कोबो आदि कंपनी के आते हैं. इनमे बस आप किताब को पढ़ सकते हैं.

ई रीडर क्या है? Kindle eBook Kya Hai 

ई रीडर उस डिवाइस को कहते हैं जिस पर हम किसी किताब को Digital form में पढ़ सकते हैं. किताब के डिजिटल रूप को PDF कहते हैं. तो जिस डिवाइस पर या जिस ऐप पर आप पीडीएफ़ को पढ़ सकते हैं उसे ई रीडर कहते हैं.

अब आप सोच रहे होंगे की जब हमारे मोबाइल में हम किसी भी पीडीएफ़ को पढ़ सकते हैं तो इसके लिए अलग से किसी डिवाइस की क्या जरूरत है. इसके लिए अलग से 5 से 10 हजार रुपये खर्च करने की क्या जरूरत है.

Kindle eBook Reader की क्या जरूरत है?

ई रीडर के तौर पर सबसे ज्यादा प्रचलन में किंडल का ई रीडर है. आमतौर पर लोग इसे किंडल के नाम से ही जानते हैं. अब सवाल ये उठता है की इसकी जरूरत क्या है. जब हमारे पास पहले से स्मार्टफोन में PDF reader है. दरअसल जिन लोगों ने किंडल ई रीडर को चलाया है वो अच्छी तरह इस बात को जानते हैं की स्मार्टफोन का पीडीएफ़ और किंडल ई रीडर में कितना अंतर है. सच बताए तो इन दोनों के बीच में जमीन आसमान का अंतर है. अगर आप किताब पढ़ने के शौकीन है तब तो आपके लिए ये बेहद ही काम की चीज साबित होता है.

किंडल ई रीडर और स्मार्टफोन में क्या अंतर है? Difference Between Kindle and Smartphone 

आपने स्मार्टफोन में कई बार पीडीएफ़ रीडर या फिर ई रीडर का इस्तेमाल किया होगा. इसके अलावा आपने सामान्य तौर पर किताबे भी पढ़ी होंगी इन दोनों में आपको काफी अंतर समझ में आया होगा. बस ऐसा ही अंतर किंडल ई रीडर और स्मार्टफोन के ई रीडर में होता है. सच बताए तो लाख रुपये का फोन भी किंडल जैसे ई रीडर की बराबरी नहीं कर सकता. किंडल ई रीडर और स्मार्टफोन में निम्न अंतर होता है.

– स्मार्टफोन और Kindle eBook Reader में एक बहुत ही महत्वपूर्ण अंतर है. आप जब मोबाइल पर किसी पीडीएफ़ को पढ़ते हैं तो इससे आपकी आँखों पर काफी ज्यादा असर पड़ता है और आप इसे ज्यादा देर तक पढ़ नहीं पाते वहीं अगर आप किंडल ई बुक रीडर पर इसे पढ़ेंगे तो आपकी आँखों पर बिलकुल भी असर नहीं होगा. आपको ऐसा लगेगा जैसे आप किसी किताब को वास्तव में पढ़ रहे हैं.

– स्मार्टफोन का जो डिस्प्ले होता है वो लाइट को बाहर की तरफ फेकता है वही ई रीडर में लाइट रिफलेक्ट होती है मतलब इससे लाइट निकलती नहीं बल्कि ऐसा लगता है जैसी आप किसी रोशनी में किसी कागज को पढ़ रहे हो.

– स्मार्टफोन में LED स्क्रीन या अन्य स्क्रीन के कारण स्क्रीन से लगातार ऊर्जा निकलती है जो आपकी आँखों को हानि पहुचाती है वही किंडल ई रीडर से लाइट ऊर्जा निकलती नहीं बल्कि इसमें ऊर्जा लगती है.

स्मार्टफोन से जब आप किसी पीडीएफ़ को पढ़ते हैं तो उसके पीछे से रोशनी आगे की तरफ आती है जो आपकी आँखों पर जाती है. वहीं किंडल ई रीडर आमतौर पर लाइट को ग्रहण करके आपको किताब का पन्ना पढ़वाता है.

– ई रीडर 6 या 7 इंच से शुरू होता है और 14 इंच के साइज़ तक मिलते हैं. जबकि आप अगर कोई भी महंगा फोन लेंगे तो वो ज्यादा से ज्यादा 7 इंच का होता है.

– ई रीडर की एक खास बात और है की ये आंखो के लिए बड़ा आरामदायक होता है वही स्मार्टफोन की स्क्रीन से ज्यादा देर तक किसी किताब को पढ़ने पर आपकी आँखों में जलन और आँसू जैसी समस्या होने लगती है.

किंडल ई रीडर की खास बात क्या है?

किंडल ई रीडर की कई खास बाते हैं जो इस प्रकार है.

– किंडल ई रीडर Amazon का प्रॉडक्ट है. अगर आप कोई किताब लेते हैं तो वो सीधे आपके ई रीडर में डिलीवर कर देता है.

– किंडल ई रीडर के होने पर आपको ढेर सारी किताबों का बोझ उतार कर नहीं चलना पड़ता है. ये खुद 100 या 200 ग्राम का है. जबकि किसी एक किताब का अकेले का वजन इतना होता है.

– किंडल ई रीडर में आप जिस तरह किताबों में कुछ लाइन को हाइलाइट करते हैं ठीक उसी तरह आप इस में भी कर सकते हैं.

– ई रीडर आमतौर पर E Ink Technology का उपयोग होता है. इस कारण से आप इसमें सिर्फ black & white display ही देख सकते हैं. इसमें कलर डिस्प्ले नहीं होता है. ये जब आप बुक पढ़ते हैं तो E ink technology की मदद से black word को ऊपर लाकर आपको दिखाता है. ठीक वैसे ही जैसे किसी अखबार या किताब पर आपको black ink एक पेज पर दिखती है.

– इसे आप 2 या 3 घंटे में चार्ज करके एक हफ्ते तक चला सकते हैं.

किंडल और स्मार्टफोन दो अलग-अलग चीजें हैं. अगर आप सोचते हैं की स्मार्टफोन किंडल का काम करेगा तो ये गलत है और न ही किंडल स्मार्टफोन का काम कर सकता है. स्मार्टफोन पर आप कालिंग, विडियो देखना जैसी चीजें कर सकते हैं जबकि ई रीडर पर बस आप बुक्स पढ़ सकते हैं.

किंडल ई रीडर सभी लोगों के लिए सही नहीं है. आप अगर किताबें पढ़ने के शौकीन नहीं है तो आपको इसे खरीदने की या इस पर किताब पढ़ने से इतना फर्क नहीं पड़ेगा. लेकिन अगर आपको किताबों में ज्यादा दिलचस्पी है तो आपको इसे जरूर खरीदना चाहिए क्योंकि इसकी वजह से आपको किताबों का बोझ भी नहीं उठाना पड़ेगा और आपको किताबों के लिए ज्यादा पैसा खर्च नहीं करना पड़ेगा.

आप यहाँ सस्ते में किताब खरीद सकते हैं और आराम से बिना आँखों को नुकसान पहुचाए आसानी से किताबों को पढ़ सकते हैं.

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